शनिवार, 10 अगस्त 2013

“जेतो दोस नन्दू घोष”

हमारे यहाँ एक बंगला कहावत प्रचलित है “जेतो दोस नन्दू घोष” अर्थात जितने भी गलत हुए सब नंदू घोष ने किये......                                                   
                                    यही काम कांग्रेस बीजेपी के लिए कर रही है ,कांग्रेस के लिए आज़ादी के बाद से बीजेपी का सरकार में 6 साल रहना इस देस का सबसे बरा गुनाह है ,इस देस में सारे गलत काम उन छः सालो में ही हुआ ,अब देस उन छह सालो में अटका रहेगा, देस को बीजेपी को दिए शासनकाल के गुनाह से कांग्रेस कभी माफ़ नहीं करने वाली, सारे कुकर्मो को उन बीजेपी के शासनकाल से तुलना करके बच निकलने का रास्ता बना दिया गया है,,,,,,,,,,,
                     शायद राहुल गाँधी अपने क्लास में कांग्रेसजनों को यही सिखलाते है ,कांग्रेसी अपनी गलतियों को सुधारने के बदले बीजेपी पर हमला करने में जयादा सहूलियत देखते है ,वैसे भी उनके प्रधान मंत्री का पुतला कोई क्या जलायेगा उनका ये पुतला प्रधानमंत्री ही देस को जला रहा है ,अगर PM मटेरियल नाम की अगर कोई चीज़ होती है तो वो मनमोहनसिंह में नहीं है ,,,,,,,,,,,
दो राजनेता है. जो हमेसा एक सा ब्यवहार करते है एक मनमोहनसिंह दूसरा राहुल गाँधी एक हर गंभीर मसले पर हमेसा चुप रहता है दूसरा गायब.............फिर भी ये देसवासियो के मुर्खता का फायदा उठा कर आगे भी सत्ता के दावेदार है ,लोगो को लराकर ये अपना उल्लू सीधा कर रहे है ,
इस देस में हिन्दू सबसे जयादा है पर जितनी नई राजनीतिक पार्टिया बनती है सब धर्मनिरपेक्ष और फायेदा कांग्रेस को ,,,,,,,,, फिर कोई ये कहे राजनीतिक दल सिधान्तों को अमल करती है अब ये मानने की बात नहीं,
मुझे समझ नहीं आता अगर कांग्रेस उन सालो में भी सत्ता में रहती तो क्या ज़बाब देती ,,,,,,,,,,खैर समझना क्या है कांग्रेस तो हथकंडो में माहिर है कोई और नया नंदुघोस दुंड लेती ,,,,,,,,,,,,,,,                     
                                    यही काम कांग्रेस बीजेपी के लिए कर रही है ,कांग्रेस के लिए आज़ादी के बाद से बीजेपी का सरकार में 6 साल रहना इस देस का सबसे बरा गुनाह है ,इस देस में सारे गलत काम उन छः सालो में ही हुआ ,अब देस उन छह सालो में अटका रहेगा, देस को बीजेपी को दिए शासनकाल के गुनाह से कांग्रेस कभी माफ़ नहीं करने वाली, सारे कुकर्मो को उन बीजेपी के शासनकाल से तुलना करके बच निकलने का रास्ता बना दिया गया है,,,,,,,,,,,
                     शायद राहुल गाँधी अपने क्लास में कांग्रेसजनों को यही सिखलाते है ,कांग्रेसी अपनी गलतियों को सुधारने के बदले बीजेपी पर हमला करने में जयादा सहूलियत देखते है ,वैसे भी उनके प्रधान मंत्री का पुतला कोई क्या जलायेगा उनका ये पुतला प्रधानमंत्री ही देस को जला रहा है ,अगर PM मटेरियल नाम की अगर कोई चीज़ होती है तो वो मनमोहनसिंह में नहीं है ,,,,,,,,,,,
दो राजनेता है. जो हमेसा एक सा ब्यवहार करते है एक मनमोहनसिंह दूसरा राहुल गाँधी एक हर गंभीर मसले पर हमेसा चुप रहता है दूसरा गायब.............फिर भी ये देसवासियो के मुर्खता का फायदा उठा कर आगे भी सत्ता के दावेदार है ,लोगो को लराकर ये अपना उल्लू सीधा कर रहे है ,
इस देस में हिन्दू सबसे जयादा है पर जितनी नई राजनीतिक पार्टिया बनती है सब धर्मनिरपेक्ष और फायेदा कांग्रेस को ,,,,,,,,, फिर कोई ये कहे राजनीतिक दल सिधान्तों को अमल करती है अब ये मानने की बात नहीं,

मुझे समझ नहीं आता अगर कांग्रेस उन सालो में भी सत्ता में रहती तो क्या ज़बाब देती ,,,,,,,,,,खैर समझना क्या है कांग्रेस तो हथकंडो में माहिर है कोई और नया नंदुघोस दुंड लेती ,,,,,,,,,,,,,,,